कबाड़ा गोदाम में आधी रात लगी भीषण आग,30 फीट ऊंची लपटे निकली, लोगों में मचा हड़कंप, लाखों का नुकसान
-आसपास की दुकानों की छतों पर रखा सामान भी जला, संसाधन पड़े कम, चार घंटे में पाया काबू
✍ सर्च इंडिया न्यूज, रतलाम।
मध्यप्रदेश के रतलाम शहर के हाट रोड से वेदव्यास कॉलोनी जाने वाले मार्ग पर स्थित कबाड़ा गोदाम में आधी रात आग लग गई। देखते-देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और 30 से 35 फीट ऊंची लपटे निकलने लगी। रहवासी इलाका होने से आसपास के लोगों में हड़कंप मच गया तथा लोग घरों से बाहर निकल आए। आग से गोदाम में बड़ी मात्रा में रखा प्लास्टिक, वायर, पन्निया, पुष्टे के कार्टून आदि जल गया। आग पर करीब चार घंटे बाद काबू पाया गया। आग के कारणों का पचा नहीं चला है, पुलिस जांच कर रही है। वहीं आग से कितना नुकसान हुआ है। इसका आंकलन नहीं किया जा सका, लेकिन बताया जा रहा है कि आग से लाखों रुपए का नुकसान हुआ है।
जानकारी के अनुसार 10 दिसंबर 2025 की रात 12.30 बजे हाट रोड पर वेद व्यास कालोनी के कार्नर पर लच्छु सेठ के कबाड़ा गोदाम में आग लग गई। गोदाम से धुआं व लपटे निकलने लगी। किसी ने आग देखकर शोर मचाया तो आसपास उपस्थित कुछ लोग आग बुझाने पहुंचे, लेकिन तब तक आग ज्यादा फैल चुकी थी और कुछ ही देर मे आग ने भीषण रूप धारण कर लिया। गोदाम से ऊंची-ऊंची लपटे निकलने लगी। आसपास के लोगों ने अपने स्तर पर आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन सफलता नहीं मिली। कुछ देर बाद नगर निगम फायर ब्रिगेड के कर्मचारी दमकल लेकर पहुंचे और आग बुझाने में जुट गए। आग कुछ बुझाई जाती और दमकल में पानी खत्म होता तो फिर आग बड़ जाती। नामली नगर पंचायत व इप्का की दमकल भी बुलाई गई। तीन दमकलों की मदद से 35 से अधिक दमकल पानी डालकर करीब चार घंटे बाद आग पर काबू पाया जा सका। आग बुझाने में क्षेत्र के युवाओं ने भी काफी मदद की।
बिजली सप्लाई की गई बंद
आसपास की दुकानों में भी नुकसान
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग से गोदाम के आसपास स्थित दुकानों की छतों पर रखा सामान भी जल गया। दुकान की छत पर चढ़े एक युवक ने बताया कि कूलर मेकेनिक की दुकान की छत पर रखे चार से पांच कूलर तथा उसके पास पास स्थित फ्रिज सुधारने की दुकान की छत पर रखे छह-सात पुराने फ्रिज भी जल गए। गोदाम के ऊपर व आसपास बिजली लाइन तथा डीपी होने से सुरक्षा की दृष्टि से क्षेत्र की बिजली सप्लाई बंद कर दी गई थी। आग से आसपास के मोहल्लों व कालोनियों तक धुआं चला गया था। सीएसपी सत्येंद्र घनघोरिया ने मीडिया से चर्चा करते हुए बताया कि आग की सूचना मिलने पर पुलिस ने तत्काल मौके पर पहुंच कर फायर ब्रिगेड को सूचना दी तथा सुरक्षा के इंतजाम किए ताकि कोई जनहानि न हो। फायर ब्रिगेड की दमकलों द्वारा आग बुझाने का प्रयास किया जा रहा है। रहवासी इलाकों में स्थित गोदामों पर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। आग के कारणों का पता नहीं चला है, जांच की जाएगी।
चार साल बाद भी नहीं हटे रहवासी इलाकों से गोदाम
शहर के कई रहवासी इलाकों में कबाड़ा, लकड़ी, ज्वलनशील पादर्थ, प्लास्टिक के पाइप व अन्य सामग्री, ट्रांसपोर्ट व्यावसायियों के गोदाम आदि है। चार वर्ष पहले 14 अक्टूबर 2021 को मोहननगर क्षेत्र में प्लास्टिक पाइप के गोदाम में भीषण आग लग गई। इससे आसपास के कई घरों में नुकसान हुआ था। इसके बाद तत्कालीन कलेक्टर कुमार पुरषोत्तम ने रहवासी इलाकों से गोदाम हटाने के निर्देश दिए थे। प्रशासन ने 67 गोदाम चिनिह्त कर उनके मालिकों को गोदाम शहर के बाहर शिफ्ट करने के नोटिस दिए थे, लेकिन आज तक गोदाम शहर से बाहर शिफ्ट नहीं किए जा सके। वहीं 30 नवंबर 2024 को विरियाखेड़ी स्थित एक कबाड़ा गोदाम तथा 17 अक्टूबर 2025 को पटेल कालोनी क्षेत्र में स्थित स्टील वर्कशॉप और केमिकल प्रोडक्ट के गोदाम में भी आग लग चुकी है। कई बार शहरवासी गोदाम शहर से बाहर शिफ्ट कराने की मांग कर चुके हैं, लेकिन प्रशासन आज तक ठोस कार्रवाई नहीं करा पाया। अब एक बार फिर नागरिक गोदामों को शहर से बाहर शिफ्ट करने की मांग कर रह है।